Monday, July 7, 2014

दिल की बात कविता में …… आँखों ने देखा है



आज वासुदेव कुटुंब की बात होती है 
पर आँखों ने देखा है यहाँ 
परिवारों को बिखरते हूवे 

दोस्ती की दास्तान सुनाये जाते है 
पर आँखों ने देखा है यहाँ 
एक दोस्त ही दोस्त का 
जानी दुश्मन बनते हूवे 

लैला मजनू  हीर रांझा की 
प्रेम कहानी सब सुनाते है 
पर आँखों ने देखा है 
जो अपने को प्रेमी कहते थे 
वही समय साथ चलते 
अब अपना घर बसा बैठे है 

वीर जवानों की अक्सर अमर 
गाथा स्कूलों में हम सुनते आये है 
पर आँखों ने देखा है 
वीर की वर्दी पहन कर भी 
देश में देश के लोगों को 
बन्दुक बेचते हूवे 

सुना है एक संत को 
आत्मा सम्मान पे बात करते हुवे 
और आँखों ने देखा है 
उसी संत को आत्मा ग्लानि में 

Rj Ramesh.....

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